
सपा जिलाध्यक्ष छविनाथ यादव की बढ़ीं मुश्किलें, दो और मुकदमे दर्ज
मनरेगा में कथित फर्जीवाड़े और सरकारी धन के गबन के आरोप; मां, पत्नी व सहयोगी भी नामजद, धमकी प्रकरण की जांच तेज
कुंडा, प्रतापगढ़। जेल में निरुद्ध समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष छविनाथ यादव की कानूनी मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। कुंडा क्षेत्र के मानिकपुर थाना अंतर्गत करेंटी और मऊदारा गांवों में मनरेगा कार्यों में कथित फर्जीवाड़े और सरकारी धन के गबन के आरोप में दो अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं। वहीं कुंडा तहसील में हिमांशु मिश्रा को कथित धमकी दिए जाने के मामले में भी पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मनरेगा कार्यों में कथित हेराफेरी का आरोप
पुलिस के अनुसार वित्तीय वर्ष 2023-24 से 2026-27 के बीच करेंटी और मऊदारा गांवों में विकास कार्यों से संबंधित अभिलेखों में कथित हेराफेरी कर कूटरचित मास्टर रोल तैयार किए जाने का आरोप है। आरोप है कि मजदूरी के नाम पर सरकारी धन का फर्जी तरीके से आहरण कर गबन किया गया।
मामलों में छविनाथ यादव के साथ उनकी मां, पत्नी और सहयोगी अजीत यादव के नाम भी शामिल किए गए हैं। आरोपों में कथित फर्जीवाड़े को छविनाथ यादव के इशारे पर संगठित तरीके से किए जाने की बात कही गई है।
दोनों मामलों की विवेचना सीओ कुंडा को सौंपी गई है। पुलिस द्वारा मनरेगा के अभिलेख, मास्टर रोल, भुगतान संबंधी दस्तावेज और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
धमकी देने के आरोप में भी मुकदमा
उधर, 7 अगस्त को कुंडा तहसील में हिमांशु मिश्रा को कथित रूप से धमकी दिए जाने का मामला सामने आया। शिकायत में मुकदमे की पैरवी बंद करने का दबाव बनाने और विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी देने का आरोप लगाया गया है।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर उपनिरीक्षक दुर्गेश सिंह को विवेचना सौंपी है। पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
लगातार दर्ज हो रहे मुकदमों से छविनाथ यादव की कानूनी मुश्किलें बढ़ती दिखाई दे रही हैं। हालांकि, मुकदमों में लगाए गए आरोपों की वास्तविकता विवेचना पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।