
जांच के नाम पर की गई लीपापोती…सीएचसी सिधौली
सीएचसी सिधौली मे अवैध वसूली मे स्वस्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियो की हिस्सेदारी तो नही
अभिषेक शुक्ला
नैमिष टुडे
सिधौली सीतापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिधौली मे अवैध वसूली का कारोबार बड़े पैमाने पर फल फूल रहा है जिसकी खबर कई समाचार पत्रो व यूट्यूब चैनलो मे चली थी वही पर सूत्रो का दावा क्या जांच हुई क्या कार्रवाई हुई कुछ भी जानकारी प्राप्त नही हुई कही जांच के नाम पर नोटों का खेला तो नही एडमिट मरीजों के नाम
प्रवीन बानो पत्नी इम्तियाज उम्र लगभग 29 वर्ष निवासी बाकीपुर सिधौली सविता पत्नी दिवाकर उम्र लगभग 30 वर्ष निवासी गनेरा का पुरवा सिधौली गोल्डी पत्नी कृष्ण कुमार उम्र लगभग 22 वर्ष निवासी चंदेसुआ सिधौली रेखा पत्नी शिव शंकर उम्र करीब 28 वर्ष निवासी ऊँचौरा बंगला सिधौली रीता पत्नी सौरभ उम्र करीब 22 वर्ष निवासी जजौर सिधौली के परिजनो से प्राप्त जानकारी के अनुसार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिधौली के डिलिवरी वार्ड मे हो रही जमकर धन उगाही परिजनो का आरोप जो दवाई बाहर से लिखी जाती उसका पर्चा भी नही दिया जाता है बल्कि सीएचसी द्वारा चिन्हित मेडिकल स्टोर पर सीएचसी स्टाफ द्वारा फोन पर भेज कर कह दिया जाता है उस मेडिकल पर जाओ जो मेडिकल से दवाई मिले वह ले आओ मजबूरन मरीज के परिजन जाते है और पैसा देकर दवाई लेकर आते है सीएचसी में जो जांचे हो सकती है वह भी बाहर से सीएचसी स्टाफ लैब वालों को बुलाकर खुद करवा रहे है और जांच से ज्यादा पैसा सीएचसी स्टाफ खुद जाच के नाम पर वसूल रहा है उसके बाद भी मरीजो के परिजन काफी डरे और सहमे हुए है की मेरा मरीज यहां एडमिट है उसकी जान को खतरा ना हो जाए क्युकी स्टाफ का कहना है पत्रकार से शिकायत की है आप सब ने अब मै आप का इलाज नही कर पाऊँगा और खबर लिखे जाने तक मिली जानकारी के अनुसार रीता पत्नी सौरभ को आग बबूला होकर जिला अस्पताल रेफर कर दिया उसमे भी
मरीजों के परिजनों का कहना था की एम्बुलेंस वाले ने चाय पानी के लिए कुछ दे दो परिजनो का आरोप है की सीएचसी स्टाफ अपने मरीजों से लगातार गलत व्यवहार कर रहा है और मरीज के परिजनो का कहना है हम गरीब है साहब अपना मरीज कहा लेकर जाए हम लोग परिजनो से प्राप्त जानकारी के अनुसार टाका कटवाने जब परिजन मरीज को लेकर गए तो उनसे सीएचसी स्टाफ द्वारा यह कहा गया कि जो आरोप मैने सीएचसी पर लगाए थे वह निराधार है यह लिखकर दे दो तो हम तुम्हारे मरीज के टाका काट देंगे और एक वीडियो भी बनाएंगे फिलहाल सच को छुपाने का और कौन कौन रास्ते अपनाएगा सीएचसी स्टाफ इस संबंध मे जब मुख्य चिकित्सा अधिकारी सीतापुर से फोन पर बात की जानकारी ली गई तो उन्होंने बताया की बाद मे मरीजो ने बताया की हमसे कोई पैसा लिया ही नही गया है तो क्या जांच मे भी की गयी है लीपापोती या कुछ और सूत्रों का दावा अवैध वसूली मे कही स्वास्थ्य विभाग के उच्चधिकारियो की हिस्सेदारी तो नही