जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में जिला पोषण समिति की बैठक संपन्न

जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में जिला पोषण समिति की बैठक संपन्न

पोषण सेवाओं को प्रभावी बनाते हुए प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना में पात्र लाभार्थियों का अधिक से अधिक पंजीकरण सुनिश्चित करें—जिलाधिकारी

 

विष्णु सिकरवार
आगरा। सोमवार को जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में जिला पोषण समिति की समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में संपन्न हुई।
बैठक में जिलाधिकारी ने सर्वप्रथम विगत बैठक की अनुपालन आख्या तलब की। जिलाधिकारी के समक्ष जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा जनपद में बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार सेवाओं का प्रेजेंटेशन प्रस्तुत किया।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि पोषण मिशन के अंतर्गत संचालित योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं धात्री माताओं को शासन की योजनाओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण लाभ उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि कुपोषण की रोकथाम एवं बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से गंभीरता एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करें।
बैठक में पोषण ट्रैक पर दर्ज बच्चों के वजन एवं लंबाई के आंकड़ों, विगत तीन माह में चिन्हित सैम बच्चों की स्थिति, पोषण पुनर्वास केंद्रों में भर्ती बच्चों, आंगनबाड़ी केंद्रों पर अनुपूरक पुष्टाहार की आपूर्ति, ईसीसीई प्रशिक्षण, आंगनबाड़ी एवं सहायिका भर्ती, आंगनबाड़ी भवन निर्माण, सक्षम आंगनबाड़ी केंद्रों की सुविधाओं तथा प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना की प्रगति की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने 0 से 5 वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे के वजन एवं लंबाई का सही एवं नियमित अंकन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने पोषण ट्रैक पर दर्ज आंकड़ों का नियमित सत्यापन करते हुए विगत तीन माह में सैम बच्चों की स्थिति में हुए सुधार की समीक्षा करने तथा चिन्हित गंभीर कुपोषित बच्चों की प्रभावी निगरानी एवं समुचित उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से सैम बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती कराया गया है। जिलाधिकारी ने आवश्यकता वाले सभी सैम बच्चों को शत-प्रतिशत पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती कराकर उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिलाधिकारी ने ईसीसीई के अंतर्गत संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रम की जानकारी तलब की। बताया गया कि रॉकेट लर्निंग एवं प्रथम संस्था के माध्यम से बाल विकास परियोजना अधिकारियों एवं मुख्य सेविकाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया जा चुका है तथा उनके माध्यम से आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी सहायिकाओं को भी प्रशिक्षण प्रदान करने, प्रशिक्षण के बाद प्रत्येक बच्चे का रिपोर्ट कार्ड तैयार करने तथा संबंधित अभिभावकों के साथ बच्चों की प्रगति की जानकारी साझा करने के निर्देश दिए। उन्होंने सीडीपीओ, मुख्य सेविका, आंगनबाड़ी कार्यकत्री एवं सहायिका का प्रशिक्षण निर्धारित समय में पूर्ण कराने तथा 21 अगस्त से 4 सितंबर तक प्रस्तावित बेसलाइन सर्वे के दौरान प्रत्येक बच्चे का डाटा शत-प्रतिशत फीड कराने के निर्देश दिए।
बैठक में बताया गया कि जनपद में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं की भर्ती प्रक्रिया के अंतर्गत कुल 386 आंगनबाड़ी कार्यकत्री पदों के सापेक्ष 6,929 आवेदन तथा 322 सहायिका पदों के सापेक्ष 1,718 आवेदन प्राप्त हुए हैं और चयन प्रक्रिया पूर्ण किए जाने की कार्रवाई प्रचलित है। जिलाधिकारी ने चयन प्रक्रिया को पारदर्शी एवं नियमानुसार रखते हुए शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
बैठक में अनुपूरक पुष्टाहार की नवीन व्यवस्था के अनुसार टीएचआर यूनिटों के संचालन एवं पुष्टाहार आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा के उपरांत जिलाधिकारी ने लाभार्थियों तक पुष्टाहार की समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। आंगनबाड़ी केंद्रों पर ईसीई किट की उपलब्धता की समीक्षा के दौरान बताया गया कि शहरी क्षेत्र एवं संतृप्त ग्रामीण क्षेत्रों में किट की उपलब्धता सुनिश्चित की जा चुकी है। जिलाधिकारी ने प्रत्येक आंगनबाड़ी केंद्र पर उपलब्ध सामग्री का भौतिक सत्यापन कराने के निर्देश दिए।
आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण की समीक्षा में बताया गया कि जनपद में 42 आंगनबाड़ी भवनों का निर्माण पूर्ण हो चुका है तथा 38 भवन निर्माणाधीन हैं। जिलाधिकारी ने पूर्ण हो चुके सभी भवनों को संबंधित विभाग को हस्तांतरित कराकर उनमें आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। सक्षम आंगनबाड़ी केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाओं की समीक्षा में बताया गया कि 212 के सापेक्ष 212 एलईडी टीवी की आपूर्ति एवं स्थापना हो चुकी है तथा सभी 212 केंद्रों पर आरओ की आपूर्ति की जा चुकी है। जिलाधिकारी ने उपलब्ध उपकरणों का भौतिक सत्यापन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले बच्चों की संख्या के अनुपात में पात्र महिलाओं का अधिक से अधिक पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ मिल सके। उन्होंने लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि कार्य में लापरवाही पाए जाने पर संबंधित की जिम्मेदारी निर्धारित कर कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने बैठक में सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि पोषण मिशन से जुड़े कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। बच्चों के वजन एवं लंबाई का सही अंकन, सैम बच्चों की पहचान एवं उपचार, पोषण पुनर्वास केंद्रों में भर्ती, आंगनबाड़ी केंद्रों पर आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता, प्रशिक्षण एवं विभिन्न पोषण योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाने के कार्य की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने लंबित कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण कराने तथा योजनाओं की प्रगति में निरंतर सुधार लाने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज मौर्य,डीसी एनआरएलएम प्रेम चंद, बीईओ सुमित कुमार सहित समस्त सीडीपीओ व रॉकेट लर्निंग एवं प्रथम संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

नमस्कार,नैमिष टुडे न्यूज़पेपर में आपका स्वागत है,यहाँ आपको हमेसा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे 9415969423 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें