
आदर्श नगर पालिका का ‘आदर्श’ वार्ड!
कटरा में विकास की जगह बजबजाती नालियां, टूटी इंटरलॉकिंग और जलभराव का ‘स्वागत द्वार’
महमूदाबाद, सीतापुर
अगर आप सोच रहे हैं कि आदर्श नगर पालिका परिषद महमूदाबाद में विकास की गंगा बह रही होगी, तो जरा वार्ड कटरा का रुख कर लीजिए। यहां विकास भले ही नजर न आए, लेकिन बजबजाती नालियां, सड़कों पर पसरी गंदगी, उगी हुई घास और जगह-जगह टूटी-बैठी इंटरलॉकिंग आपका गर्मजोशी से स्वागत करने के लिए जरूर मौजूद है।
वार्ड की हालत देखकर लगता है कि यहां विकास कार्यों ने शायद ‘वर्क फ्रॉम होम’ शुरू कर दिया है। गलियों की बदहाल इंटरलॉकिंग और जर्जर रास्ते जिम्मेदारों से सवाल पूछते नजर आते हैं, जबकि नाले-नालियों में उगी बड़ी-बड़ी घास मानो पालिका की व्यवस्थाओं का ‘हरा-भरा प्रमाणपत्र’ दे रही हो।
बारिश होते ही कई महत्वपूर्ण स्थानों पर जलभराव की समस्या नागरिकों के लिए मुसीबत बन जाती है। सड़कों पर जमा पानी और गंदगी देखकर ऐसा प्रतीत होता है कि नगर की गलियों को सड़क नहीं, बल्कि अस्थायी तालाब बनाने की योजना पर काम चल रहा है।
सबसे बड़ी विडंबना यह है कि नागरिक अपनी समस्याएं लेकर पालिका के जिम्मेदारों तक पहुंचते हैं, लेकिन समस्या का समाधान होने के बजाय कई बार उन्हें ही निराशा हाथ लगती है। किसी काम के लिए नागरिकों को महीनों पालिका के चक्कर लगाने पड़ने की शिकायतें भी सामने आती रही हैं।
जनता का सवाल सीधा है—जब सरकार विकास और जनहित के कार्यों को प्राथमिकता देने की बात कर रही है, तो महमूदाबाद के इस वार्ड में विकास आखिर किस रास्ते से जा रहा है?
नागरिकों में पालिका की कार्यप्रणाली को लेकर नाराजगी बढ़ती दिखाई दे रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि नगर पालिका के विकास कार्यों, सफाई व्यवस्था, नालियों, इंटरलॉकिंग और अन्य योजनाओं की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए तो कई सवालों के जवाब सामने आ सकते हैं।
फिलहाल कटरा वार्ड की तस्वीर यही कह रही है—
कागजों पर विकास तेज रफ्तार से दौड़ रहा हो तो दौड़ रहा हो, जमीन पर उसकी चाल फिलहाल बेहद सुस्त नजर आ रही है।