
एक पेड़ माँ के नाम” महाअभियान की तैयारियां अंतिम चरण में, डीएम ने काफरपुर में किया स्थलीय निरीक्षण
अरुण कुमार दुबे /ब्यूरो चीफ/ नैमिष टुडे जौनपुर
जौनपुर / उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार 12 जुलाई को आयोजित होने वाले “एक पेड़ माँ के नाम” वृक्षारोपण महाअभियान की तैयारियों का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी ने शनिवार को विकास खंड करंजाकला के ग्राम काफरपुर स्थित मुख्य कार्यक्रम स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यक्रम स्थल पर पौधों की उपलब्धता, गड्ढों की तैयारी, सिंचाई व्यवस्था, पार्किंग, पेयजल, साफ-सफाई, सुरक्षा सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्यक्रम शुरू होने से पहले सभी तैयारियां हर हाल में पूरी कर ली जाएं और किसी भी प्रकार की कमी न रहने पाए।
जिलाधिकारी ने बताया कि मुख्य कार्यक्रम में प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री गिरीश चन्द्र यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इसे देखते हुए सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध, सुव्यवस्थित और गुणवत्तापूर्ण ढंग से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों, अतिथियों और आम नागरिकों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
उन्होंने बताया कि जनपद जौनपुर को इस महाअभियान के तहत 60 लाख 73 हजार 400 पौधरोपण का लक्ष्य मिला है। लक्ष्य की शत-प्रतिशत पूर्ति के लिए जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। कंट्रोल रूम सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है तथा सभी संबंधित विभागों के बीच लगातार समन्वय स्थापित किया गया है। गड्ढों की खुदाई, पौधों का उठान एवं वितरण, वृक्षारोपण स्थलों की तैयारी, सिंचाई व्यवस्था और जियो-टैगिंग सहित सभी कार्यों की नियमित निगरानी की जा रही है।
प्रभागीय वनाधिकारी ने बताया कि वन विभाग ने विभिन्न प्रजातियों के पौधों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित कर ली है। नर्सरियों से पौधों का उठान एवं वितरण तेजी से किया जा रहा है। ग्राम पंचायतों, शैक्षणिक संस्थानों, सरकारी कार्यालयों, स्वयं सहायता समूहों और अन्य संस्थाओं को भी पौधे उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को निर्देशित किया कि वृक्षारोपण केवल लक्ष्य पूरा करने तक सीमित न रहे, बल्कि लगाए गए प्रत्येक पौधे की सुरक्षा, नियमित सिंचाई और संरक्षण की भी प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कृषि विभाग, लोक निर्माण विभाग सहित सभी लक्ष्यधारी विभागों को अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करने तथा वन विभाग को सभी विभागों के साथ समन्वय बनाकर महाअभियान की सतत निगरानी करने के निर्देश दिए।
अंत में जिलाधिकारी ने जनप्रतिनिधियों, छात्र-छात्राओं, स्वयं सहायता समूहों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों से अपील की कि वे “एक पेड़ माँ के नाम” महाअभियान में बढ़-चढ़कर भाग लें और पर्यावरण संरक्षण के इस जन-आंदोलन को सफल बनाने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।